उत्तर: (a)
व्याख्या: पृथ्वी के घूर्णन के कारण गतिशील वायु की दिशा में एक आभासी विचलन उत्पन्न होता है, जिसे कोरिओलिस बल कहते हैं. यह उत्तरी गोलार्द्ध में गतिशील पवनों को दाईं ओर तथा दक्षिणी गोलार्द्ध में बाईं ओर मोड़ता है. इसी कारण दोनों गोलार्द्धों में वायु परिसंचरण की दिशा विपरीत दिखाई देती है.